दिन में तेल की लूट, रात को डीजल चोरी
एक तरफ तेल टैंकर पलटने से मची अफरातफरी, तो दूसरी ओर डीजल चोरों ने तीन कंटेनरों को बनाया निशाना
गुना। दयालवाणी
गुना के राष्ट्रीय राजमार्ग पर सुरक्षा व्यवस्था एक बार फिर गंभीर सवालों के घेरे में आ गई है। रविवार को गुना जिले में दो ऐसी घटनाएं सामने आईं, जिन्होंने हाईवे पर सफर करने वाले चालकों और स्थानीय प्रशासन की नींद उड़ा दी। एक तरफ बीनागंज के पास बेकाबू तेल टैंकर पलट गया, तो वहीं दूसरी तरफ दुनाई गांव के पास शातिर चोरों ने सुनियोजित तरीके से खड़े हुए तीन कंटेनरों के ताले तोड़कर लाखों का डीजल साफ कर दिया।
पहली घटना बीनागंज क्षेत्र के टोड़ी रोड स्थित मीनेश मंदिर परिसर के समीप कॉरपोरेशन वेयरहाउस के पास की है। रविवार दोपहर को तेल से भरा एक टैंकर (क्रमांक एमपी 13 जेड एच 4948) अचानक अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गया। इस भीषण हादसे में टैंकर का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया, जिसे देखकर चालक और क्लीनर मौके से जान बचाकर फरार हो गए। टैंकर के पलटते ही उसमें से तेजी से तेल बहने लगा। घटना की खबर फैलते ही आसपास के दर्जनों लोग बाल्टी, डिब्बे और केन लेकर मौके पर पहुंच गए और बहते हुए तेल को भरने के लिए टूट पड़े। स्थिति को बेकाबू होते देख स्थानीय पुलिस तुरंत हरकत में आई। पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर तेल भरने की फिराक में जुटे लोगों को सख्ती से खदेड़ा और भीड़ को दूर हटाया। इसके बाद क्रेन बुलवाकर पुलिस की मौजूदगी में पलटे हुए टैंकर को सीधा करने और सड़क मार्ग को सुचारू बनाने की कार्रवाई की गई। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि टैंकर कहां से आ रहा था और उसमें भरा तेल कहां ले जाया जा रहा था। हालांकि जानकारी यह भी सामने आ रही थी कि टैंकर में तारपीन भरा हुआ है।
नेशनल हाईवे-46 पर डीजल चोरों का आतंक, तीन कंटेनर साफ
दूसरी घटना राष्ट्रीय राजमार्ग-46 पर दुनाई गांव के पास स्थित एक ढाबे की है, जहां रात के वक्त खड़े होने वाले भारी वाहनों की सुरक्षा को ठेंगा दिखाते हुए अज्ञात बदमाशों ने दुस्साहसिक वारदात को अंजाम दिया। रविवार तड़के करीब 3 बजकर 45 मिनट पर शातिर चोरों ने ढाबे पर खाना खाने और आराम करने के लिए खड़े किए गए तीन बड़े कंटेनरों को अपना निशाना बनाया। विभिन्न रूटों पर चलने वाले ये ट्रक ड्राइवर अपने वाहनों को पार्क कर गहरी नींद में सोए हुए थे। इसी बात का फायदा उठाकर एक चार पहिया वाहन से पहुंचे चोरों ने एक के बाद एक तीनों कंटेनरों के ढक्कन और मजबूत ताले तोड़ डाले और उनके टैंकों में रखा पूरा डीजल चुराकर फरार हो गए। पीड़ित चालकों ने बताया कि उनके वाहन लंबी दूरी के रूट पर थे, जो पटना से सूरत और मुजफ्फरपुर से इंदौर की ओर जा रहे थे। सुबह जब ढाबा संचालक की नजर टूटे हुए तालों पर पड़ी, तब इस बड़ी चोरी का खुलासा हुआ।
डायल-112 ने किया मौका मुआयना, पकड़े नहीं गए चोर
घटना की सूचना मिलते ही डायल-112 और स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची। इस सनसनीखेज वारदात के बाद से हाईवे पर रात के वक्त अपने वाहन पार्क करने वाले ट्रांसपोर्टर्स और ड्राइवरों में भारी असुरक्षा का माहौल है। पुलिस अब इस बात की गहराई से छानबीन कर रही है कि क्या हाईवे पर कोई संगठित डीजल चोर सिंडिकेट सक्रिय है। बदमाशों का सुराग लगाने के लिए पुलिस ढाबे और आसपास के रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालने में जुटी है, ताकि आरोपियों की जल्द से जल्द पहचान कर उन्हें सलाखों के पीछे भेजा जा सके।