25 गांवों के सहरिया बोले, हमारी जमीनों पर दबंगों का कब्जा

कलेक्ट्रेट में सूची लेकर पहुंचे, न्याय की गुहार

25 गांवों के सहरिया बोले, हमारी जमीनों पर दबंगों का कब्जा

गुना।दयालवाणी

 मध्य प्रदेश हाईकोर्ट, ग्वालियर द्वारा सहरिया-आदिवासी समाज की जमीनों के अवैध कब्जों को लेकर सख्त निर्देश जारी किए जाने के बाद आदिवासियों में नई उम्मीद जगी है। इसी कड़ी में बुधवार को गुना कलेक्ट्रेट में लगभग 25 गांवों से पहुंचे सहरिया समाज के लोगों ने जोरदार प्रदर्शन किया और जिला प्रशासन को एक ज्ञापन व जमीनों की पूरी सूची सौंपी है।
ग्रामीणों ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि समाज के परिवारों की लगभग 80 प्रतिशत जमीनों पर दबंगों और भू-माफियाओं ने अवैध कब्जा कर रखा है। यह कब्जे कोई नए नहीं बल्कि 20 से 25 साल पुराने हैं। कलेक्ट्रेट पहुंचे अधिकांश ग्रामीण बमौरी तहसील के निवेरी, परवाह, बिसोनिया और पारोदा आदि गांवों से थे। पीड़ित ग्रामीणों का कहना है कि वे पिछले कई सालों से लगातार जनसुनवाई और अन्य माध्यमों से न्याय की गुहार लगाते आ रहे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। स्थिति यह है कि कई लोगों के पक्ष में सीमांकन और मोबाइल कोर्ट के माध्यम से जमीन खाली कराने के आदेश भी जारी हो चुके हैं, लेकिन मैदानी स्तर पर आज तक उन्हें जमीन का कब्जा नहीं मिल पाया है। ग्रामीणों का आरोप है कि स्थानीय स्तर पर भू-माफियाओं में प्रशासन का कोई खौफ नहीं बचा है। हाईकोर्ट के नए आदेशों के बाद अब सहरिया समाज और उनके साथ पहुंचे संगठन के पदाधिकारियों ने जिला प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दबंगों के चंगुल से जमीनें मुक्त कराने और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।